अवैध निर्माण के खिलाफ प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, 500 साल पुरानी बताई जा रही मजार पर चला बुलडोजर

0

संभल , 05 जून्‌ 2026 । उत्तर प्रदेश के संभल जिले में सरकारी भूमि पर कथित अवैध कब्जों के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत शुक्रवार को गुन्नौर क्षेत्र के बबराला थाना इलाके के बाघाऊ गांव में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी। अवैध अतिक्रमण और अनधिकृत निर्माण के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 500 वर्ष पुरानी बताई जा रही मजार से जुड़े निर्माण को ध्वस्त कर दिया। इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में चर्चा और हलचल का माहौल बन गया है। प्रशासन का दावा है कि संबंधित निर्माण सरकारी भूमि या निर्धारित नियमों के विपरीत किया गया था, जिसके चलते कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद यह कदम उठाया गया।

अधिकारियों के अनुसार, भूमि अभिलेखों और राजस्व रिकॉर्ड की जांच के बाद यह निष्कर्ष निकाला गया कि संबंधित स्थान पर मौजूद कुछ निर्माण निर्धारित नियमों के अनुरूप नहीं थे। कार्रवाई से पहले संबंधित पक्षों को नोटिस जारी किए गए और कानूनी औपचारिकताएं पूरी की गईं। इसके बाद प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में बुलडोजर कार्रवाई की गई।

कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो। स्थानीय प्रशासन ने स्पष्ट किया कि अभियान का उद्देश्य किसी धार्मिक स्थल या समुदाय को निशाना बनाना नहीं, बल्कि अवैध निर्माण और अतिक्रमण के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई करना है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी भूमि और सार्वजनिक संपत्तियों को अतिक्रमण से मुक्त कराने का अभियान आगे भी जारी रहेगा।

इस कार्रवाई के बाद विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं। कुछ लोगों ने प्रशासनिक कार्रवाई का समर्थन करते हुए इसे कानून के शासन का हिस्सा बताया, जबकि कुछ पक्षों ने मामले की ऐतिहासिक और धार्मिक पृष्ठभूमि को ध्यान में रखने की बात कही है। हालांकि प्रशासन का कहना है कि कार्रवाई पूरी तरह दस्तावेजों और कानूनी प्रावधानों के आधार पर की गई है।

विशेषज्ञों का मानना है कि तेजी से बढ़ते शहरीकरण और भूमि विवादों के दौर में राजस्व रिकॉर्ड, भूमि स्वामित्व और निर्माण संबंधी नियमों का पालन अत्यंत महत्वपूर्ण हो गया है। ऐसे मामलों में प्रशासनिक पारदर्शिता और न्यायिक प्रक्रिया का पालन सामाजिक संतुलन बनाए रखने के लिए आवश्यक माना जाता है।

फिलहाल यह मामला स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है और आगे की कानूनी तथा प्रशासनिक प्रक्रिया पर सभी की नजर बनी हुई है। प्रशासन ने दोहराया है कि अवैध निर्माण चाहे किसी भी प्रकार का हो, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई जारी रहेगी।

Leave A Reply

Your email address will not be published.