महिला मुद्दे पर सियासी संग्राम—विधेयक फेल होने के बाद CM योगी का विपक्ष पर करारा प्रहार
लखनऊ , 18 अप्रैल 2026 । महिला से जुड़े महत्वपूर्ण विधेयक के पारित न हो पाने के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोकसभा में संविधान (131वां) संशोधन विधेयक 2026 के पारित नहीं हो पाने पर विपक्षी दलों पर निशाना साधा। Yogi Adityanath ने इंडी गठबंधन पर तीखा हमला करते हुए इसे “लोकतंत्र का काला अध्याय” करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दलों की सोच महिलाओं के प्रति नकारात्मक है और वे महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर केवल राजनीति कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि सरकार महिलाओं को अधिकार और सम्मान देने के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन विपक्ष की नीतियां और रवैया इस दिशा में बाधा बन रहे हैं। उनका यह बयान उस समय आया है जब संबंधित विधेयक संसद या विधानसभा में अपेक्षित समर्थन हासिल नहीं कर सका, जिससे इसे पारित नहीं किया जा सका।
इस मुद्दे पर सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। जहां एक ओर सरकार इसे महिलाओं के अधिकारों से जोड़कर देख रही है, वहीं विपक्ष का कहना है कि विधेयक में कई खामियां थीं और उसे बिना पर्याप्त चर्चा के पारित कराने की कोशिश की गई। विपक्षी दलों का यह भी आरोप है कि सरकार संवेदनशील मुद्दों को राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल कर रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि महिला सशक्तिकरण जैसे अहम मुद्दे पर सहमति बनाना जरूरी है, लेकिन मौजूदा परिस्थितियों में यह विषय राजनीतिक टकराव का केंद्र बन गया है। इस तरह के बयान और प्रतिक्रियाएं आने वाले चुनावों में भी बड़ा मुद्दा बन सकती हैं।
यह घटनाक्रम एक बार फिर यह दिखाता है कि संसद और विधानसभाओं में विधेयकों का पारित होना केवल संख्या बल पर ही नहीं, बल्कि व्यापक सहमति और संवाद पर भी निर्भर करता है। अब देखना होगा कि सरकार इस विधेयक को दोबारा लाने की कोशिश करती है या विपक्ष के साथ किसी साझा रास्ते की तलाश करती है।