भारत-UAE के बीच LPG सप्लाई को लेकर बड़ा समझौता, ऊर्जा सुरक्षा को मिलेगा मजबूती
दुबई, 15 मई 2026 । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी UAE दौरे पर पहुंचे हैं। अबूधाबी पहुंचने पर प्रधानमंत्री मोदी का गार्ड ऑफ ऑनर से स्वागत किया गया। रिपोर्ट्स के मुताबिक UAE एयरफोर्स के F-16 फाइटर जेट्स ने प्रधानमंत्री के विमान को एस्कॉर्ट किया।
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के बीच द्विपक्षीय बैठक हुई। दोनों देशों के बीच LPG सप्लाई को लेकर अहम समझौता हुआ। इसके अलावा स्ट्रैटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व, रक्षा सहयोग और वडिनार में शिप रिपेयर क्लस्टर से जुड़े MoU भी साइन किए गए।
UAE ने भारतीय इंफ्रास्ट्रक्चर, RBL बैंक और सम्मान कैपिटल में 5 अरब डॉलर निवेश का ऐलान भी किया है। विदेश मंत्रालय के मुताबिक दोनों नेताओं ने ऊर्जा सुरक्षा, व्यापार, निवेश और वेस्ट एशिया के हालात पर चर्चा की।
समझौते के तहत भारत को लंबे समय तक स्थिर और भरोसेमंद एलपीजी सप्लाई सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है। बढ़ती ऊर्जा मांग और वैश्विक बाजार में अस्थिरता के बीच यह साझेदारी भारत के लिए काफी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
ऊर्जा विशेषज्ञों का कहना है कि भारत दुनिया के सबसे बड़े ऊर्जा उपभोक्ता देशों में शामिल है और घरेलू जरूरतों को पूरा करने के लिए बड़े पैमाने पर तेल और गैस आयात करता है। ऐसे में UAE जैसे भरोसेमंद साझेदार के साथ समझौता सप्लाई चेन को मजबूत बनाने में मदद करेगा।
बताया जा रहा है कि इस डील से घरेलू रसोई गैस आपूर्ति व्यवस्था को स्थिर रखने में भी सहायता मिलेगी। इसके अलावा दोनों देशों के बीच ऊर्जा व्यापार, निवेश और इंफ्रास्ट्रक्चर सहयोग को बढ़ावा मिलने की संभावना है।
हाल के वर्षों में भारत और UAE के बीच आर्थिक और रणनीतिक संबंध लगातार मजबूत हुए हैं। व्यापार, ऊर्जा, रक्षा और निवेश जैसे क्षेत्रों में दोनों देशों ने कई बड़े समझौते किए हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक ऊर्जा बाजार में बढ़ती अनिश्चितता के बीच इस तरह के दीर्घकालिक समझौते भारत को भविष्य में सप्लाई संकट और कीमतों में उतार-चढ़ाव से बचाने में मदद कर सकते हैं।