नई दिल्ली, 17 सितंबर 2026। दिल्ली के सिविल लाइंस इलाके में रहने वाली एक कारोबारी महिला से 200 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी मांगने के मामले में जांच के दौरान पुराना कनेक्शन सामने आया है। पुलिस के मुताबिक, इसी महिला को करीब दो साल पहले भी गोल्डी बराड़ के नाम से धमकी भरा कॉल आया था। उस समय महिला से कथित तौर पर 5 करोड़ रुपये की मांग की गई थी। अब सितंबर 2026 में दोबारा 200 करोड़ रुपये की मांग किए जाने के बाद पुलिस ने पुराने मामले की कड़ियों को भी खंगालना शुरू कर दिया है।
पुलिस अफसरों के मुताबिक, महिला के पहले पति की मौत हो चुकी और उसने दूसरी शादी की है। ससुर की भी मौत हो गई है। फैमिली का दिल्ली-एनसीआर में करोड़ों रुपये का रियल एस्टेट का कारोबार है और पारिवारिक प्रॉपर्टी भी काफी है। इसी महिला को मई 2024 में भी विदेश से ऑपरेट कर रहे पंजाब के गैंगस्टर गोल्डी बराड़ ने रंगदारी के लिए कॉल किया था। वॉट्सऐप पर इंटरनेशनल नंबर से आई कॉल के जरिए तब पांच करोड़ रुपये की डिमांड की गई थी। तब भी रकम नहीं देने पर महिला और फैमिली को जान से मारने की धमकी दी थी।
7 सितंबर की रात आया था 200 करोड़ का कॉल
पुलिस के अनुसार, महिला को 7 सितंबर की रात करीब 10:44 बजे एक विदेशी नंबर से व्हाट्सऐप कॉल आया था। शिकायत के मुताबिक, कॉल करने वाले ने खुद को गोल्डी बराड़ बताया और महिला तथा उसके परिवार के बारे में जानकारी होने का दावा करते हुए 200 करोड़ रुपये की मांग की। रकम नहीं देने पर महिला और उसके पति को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दिए जाने का आरोप है। मामले में सिविल लाइंस थाने में एफआईआर दर्ज की गई है और स्पेशल सेल भी जांच कर रही है।
2024 में भी आया था धमकी भरा फोन
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि मई 2024 में भी इसी महिला को एक इंटरनेशनल नंबर से कथित तौर पर धमकी भरा कॉल आया था। उस समय कॉल करने वाले ने गोल्डी बराड़ के नाम का इस्तेमाल करते हुए करीब 5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। आरोप है कि रकम नहीं देने पर महिला और उसके परिवार को जान से मारने की धमकी दी गई थी। उस मामले में सिविल लाइंस थाने में केस दर्ज किया गया था और बाद में जांच स्पेशल सेल को सौंपे जाने की जानकारी सामने आई है।
क्या दोनों मामलों में है कोई कनेक्शन?
नए मामले के सामने आने के बाद पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि 2024 की धमकी और 2026 की 200 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी मांग के बीच कोई सीधा संबंध है या नहीं। जांच एजेंसियां कॉल करने वाले की पहचान, इस्तेमाल किए गए विदेशी नंबर और महिला के परिवार से जुड़ी जानकारी कॉलर तक पहुंचने के स्रोत की पड़ताल कर रही हैं। साथ ही यह भी जांचा जा रहा है कि कॉल करने वाले का वास्तव में गोल्डी बराड़ या उसके नेटवर्क से कोई संबंध है या केवल उसका नाम इस्तेमाल किया गया।
पुलिस के मुताबिक, महिला का परिवार दिल्ली-एनसीआर में रियल एस्टेट कारोबार से जुड़ा है। जांच में परिवार से जुड़े संपत्ति विवाद के पहलू को भी देखा जा रहा है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि धमकी भरे कॉल के पीछे कोई आपराधिक गिरोह है या किसी परिचित व्यक्ति ने कारोबारी और पारिवारिक जानकारी का इस्तेमाल कर रंगदारी की कोशिश की है।
कॉल की सच्चाई की भी हो रही जांच
पुलिस ने अभी यह पुष्टि नहीं की है कि कथित कॉल वास्तव में गोल्डी बराड़ या उसके किसी सहयोगी की ओर से किया गया था। जांच में कॉल की तकनीकी जानकारी, नंबर और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों की पड़ताल की जा रही है। पुलिस ने यह भी कहा है कि मामले के तथ्यों और कथित तौर पर मांगी गई रकम का सत्यापन किया जा रहा है, क्योंकि पूछताछ के दौरान महिला की ओर से अलग-अलग रकम का उल्लेख सामने आया था।
फिलहाल दिल्ली पुलिस और स्पेशल सेल इस मामले की अलग-अलग कड़ियों को जोड़ने में जुटी हैं। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि 2024 की धमकी और हाल की 200 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी कॉल के पीछे एक ही नेटवर्क था या दोनों घटनाएं अलग-अलग थीं।