रेवाड़ी , 11 सितंबर 2026। हरियाणा के रेवाड़ी में जितेंद्र हत्याकांड की जांच में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। जांच के मुताबिक जितेंद्र की हत्या किसी अजनबी ने नहीं, बल्कि उसके ही दोस्त ने अपने भतीजे के साथ मिलकर की। दोनों ने कथित तौर पर मिलकर वारदात को अंजाम दिया। इस खुलासे के बाद पुलिस ने मामले की कड़ियों को जोड़ते हुए हत्या के पीछे की वजह की पड़ताल तेज कर दी है।
बताया जा रहा है कि वारदात से पहले दोस्त और जितेंद्र के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। शुरुआती जानकारी के अनुसार मामला दोस्त के परिवार से जुड़ी आपत्तिजनक हरकत को लेकर शुरू हुआ। विवाद बढ़ने के बाद आरोपी ने अपने भतीजे को साथ लिया और जितेंद्र की हत्या की साजिश रची।
एएसपी दीपिका अग्रवाल ने शुक्रवार को प्रेसवार्ता में बताया कि 7 सितंबर को हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) रिफाइनरी के पास भाड़ावास जाने वाले रास्ते पर एक व्यक्ति का शव मिलने की सूचना पुलिस को मिली थी। मौके पर पहुंची पुलिस ने सीन ऑफ क्राइम टीम की मदद से साक्ष्य जुटाए। मृतक के सिर पर भारी वस्तु से चोट के निशान मिले थे। मृतक की पहचान कमालपुर निवासी 40 वर्षीय जितेंद्र के रूप में हुई थी। मृतक के चाचा उत्तम सिंह के बयान पर मॉडल टाउन थाना पुलिस ने प्रवीन उर्फ पपला सहित एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी।
भतीजे को भी साजिश में किया शामिल
जांच के अनुसार आरोपी दोस्त ने अकेले हत्या करने के बजाय अपने भतीजे को भी इस साजिश में शामिल किया। दोनों ने मिलकर जितेंद्र को निशाना बनाया। पुलिस का मानना है कि वारदात को अंजाम देने से पहले दोनों ने परिस्थितियों का जायजा लिया था।
इस हत्याकांड ने इसलिए भी लोगों को हैरान किया है क्योंकि आरोपी और मृतक के बीच पहले से दोस्ती थी। पुलिस अब आरोपी और मृतक के बीच पुराने विवादों तथा संबंधों की भी जांच कर रही है, ताकि यह स्पष्ट हो सके कि हत्या का फैसला अचानक हुआ या इसके पीछे पहले से कोई योजना थी।
हत्या की वजह ने चौंकाया
पुलिस की शुरुआती जांच में हत्या के पीछे निजी विवाद को अहम वजह माना जा रहा है। बताया जा रहा है कि शराब पार्टी के दौरान विवाद हुआ था और इसी विवाद ने बाद में हिंसक रूप ले लिया। हालांकि, मामले से जुड़े सभी तथ्यों की पुष्टि पुलिस की विस्तृत जांच और आधिकारिक बयान के बाद ही पूरी तरह स्पष्ट होगी।
रेवाड़ी पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर हत्या से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी जुटा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वारदात में और कोई व्यक्ति शामिल था या नहीं।
दोस्ती, विवाद और फिर हत्या
जितेंद्र हत्याकांड ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि मामूली या निजी विवाद किस तरह गंभीर अपराध का रूप ले सकते हैं। जिस व्यक्ति पर भरोसा किया गया, उसी पर हत्या की साजिश में शामिल होने का आरोप लगा है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही मामले में सामने आए सभी तथ्यों की तस्वीर साफ होगी।
फिलहाल पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर रही है और हत्या के पीछे की पूरी परिस्थितियों को जोड़ने में जुटी है। इस मामले में पुलिस की आगे की कार्रवाई और आरोपियों के खिलाफ जुटाए गए साक्ष्य अहम होंगे।