नई दिल्ली, 17 जुलाई 2026 । देश की सबसे बड़ी और हाई-सिक्योरिटी जेलों में शामिल तिहाड़ जेल में दिल्ली सरकार की एंटी करप्शन ब्रांच (ACB) ने दिल्ली की जेलों में चल रहे कथित रंगदारी और रिश्वतखोरी के संगठित नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए मामले में 6 हेड वार्डर समेत कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। जांच एजेंसियों के अनुसार, आरोपियों पर कैदियों को अवैध सुविधाएं उपलब्ध कराने और बदले में रिश्वत लेने का आरोप है।
एसीबी प्रमुख व जॉइंट सीपी विक्रमजीत सिंह ने बताया कि इस मामले की शुरुआत 9 फरवरी को मिली एक शिकायत से हुई थी। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया था कि रोहिणी जेल में बंद उसके पिता और भाई की सुरक्षा और सुविधा के नाम पर उससे लगातार पैसे मांगे जा रहे हैं।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि जेल के भीतर कुछ कर्मचारी कथित तौर पर कैदियों को मोबाइल फोन, बेहतर बैरक, अतिरिक्त मुलाकात, खाने-पीने की विशेष व्यवस्था और अन्य सुविधाएं दिलाने का लालच देकर उनसे पैसे वसूलते थे। इस पूरे नेटवर्क में जेल कर्मियों के अलावा कुछ बाहरी लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
जांच एजेंसियों का कहना है कि लंबे समय से इस नेटवर्क पर नजर रखी जा रही थी। पर्याप्त सबूत मिलने के बाद छापेमारी और कार्रवाई की गई, जिसके दौरान कई आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। अब अधिकारियों द्वारा वित्तीय लेन-देन, कॉल रिकॉर्ड और अन्य दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल थे।