नई दिल्ली, 29 जून् 2026 । पुलिस ने एक व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसकी स्कॉर्पियो को जब्त कर लिया, जिस पर कथित तौर पर सांसद (MP) का फर्जी स्टीकर लगाया गया था। आरोप है कि वह इस स्टीकर का इस्तेमाल कर आम लोगों और प्रशासनिक अधिकारियों पर रौब जमाने की कोशिश कर रहा था। मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने वाहन की जांच की और फर्जी स्टीकर मिलने पर तत्काल कार्रवाई की।
आखिरकार स्कॉर्पियो साउथ दिल्ली के लाडो सराय इलाके में एक मकान के बाहर खड़ी मिली। गाड़ी पर लगा सांसद का फर्जी स्टीकर और झंडा लोगों पर रौब जमाने के लिए लगाया गया था। इसके बाद पुलिस ने गाड़ी को जब्त कर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
- पुलिस सूत्रों के अनुसार, मामला 21 जून का है। मुरथल स्थित मन्नत हवेली रेस्टोरेंट में शाम करीब 5:18 बजे काले रंग की स्कॉर्पियो देखी गई थी।
- गाड़ी पर ‘पार्लियामेंट ऑफ इंडिया’ का सांसद पार्किंग स्टीकर और सांसद का झंडा लगा था।
- वहां मौजूद एक व्यक्ति को मामला संदिग्ध लगा।
- उसने तत्काल संसद भवन कंट्रोल रूम को इसकी सूचना दी।
- संसद भवन कंट्रोल रूम ने रिकॉर्ड खंगाले तो पता चला कि गाड़ी नंबर के लिए ऐसा कोई अधिकृत संसद स्टीकर जारी नहीं किया गया है।
- रात करीब 8:45 बजे संदिग्ध गाड़ी का अलर्ट जारी किया गया।
- दिल्ली पुलिस के सभी जिलों, क्राइम ब्रांच और अन्य एजेंसियों को गाड़ी का पता लगाने के निर्देश दिए गए।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि वाहन पर लगा सांसद का स्टीकर अधिकृत नहीं था। इसके बाद संबंधित व्यक्ति के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया गया। साथ ही स्कॉर्पियो को जब्त कर आगे की जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किसी भी संवैधानिक पद या सरकारी पहचान का फर्जी इस्तेमाल करना कानूनन अपराध है। ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि आरोपी ने फर्जी स्टीकर कहां से बनवाया और क्या उसने पहले भी इसका इस्तेमाल विशेष सुविधा या प्रभाव दिखाने के लिए किया था।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार के फर्जी पहचान पत्र, स्टिकर या सरकारी प्रतीकों का इस्तेमाल न करें। यदि कोई व्यक्ति इस तरह की गतिविधियों में शामिल पाया जाता है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।