नई दिल्ली, 18 सितंबर 2026।दिल्ली में डेटिंग ऐप के जरिए लोगों को जाल में फंसाकर कथित तौर पर रंगदारी वसूलने वाले गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। द्वारका जिला पुलिस ने इस मामले में दो महिलाओं समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने 44 वर्षीय एक व्यक्ति को डेटिंग ऐप के जरिए संपर्क में लेकर मिलने के लिए बुलाया और बाद में उसे नजफगढ़ स्थित एक मकान में ले जाकर कथित तौर पर पुलिस अधिकारी बनकर धमकाया। इस दौरान पीड़ित से कुल 2.15 लाख रुपये लिए गए।
क्या था पूरा मामला
दिल्ली पुलिस ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि 14 सितंबर को छावला पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई कि डेटिंग ऐप पर एक महिला से बातचीत शुरू हुई थी। फिर महिला ने उसे मिलने के लिए मेट्रो स्टेशन बुलाया और नजफगढ़ में एक जगह ले गई।
पुलिस के अनुसार, पीड़ित उत्तर प्रदेश के मथुरा का रहने वाला है और फरीदाबाद में सिक्योरिटी गार्ड के तौर पर काम करता है। उसकी डेटिंग ऐप पर एक महिला से बातचीत शुरू हुई थी। इसके बाद महिला ने उसे दिल्ली के ढांसा मेट्रो स्टेशन पर मिलने के लिए बुलाया।
आरोप है कि मेट्रो स्टेशन से महिला उसे नजफगढ़ स्थित एक मकान में ले गई। वहां पहुंचने के कुछ समय बाद अन्य आरोपी भी मौके पर पहुंचे और कथित तौर पर खुद को पुलिस अधिकारी बताया।
फर्जी पुलिस रेड का डर दिखाकर वसूली
पुलिस की जांच के मुताबिक, आरोपियों ने पीड़ित को कथित तौर पर डराया कि उसे महिला के साथ आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा गया है और उसके खिलाफ पुलिस कार्रवाई हो सकती है। इसी डर का फायदा उठाकर उससे पैसे की मांग की गई।
पुलिस के अनुसार, पीड़ित ने बैंक ट्रांसफर और UPI के जरिए करीब 1.93 लाख रुपये ट्रांसफर किए, जबकि 22 हजार रुपये नकद लिए गए। इस तरह कुल रकम करीब 2.15 लाख रुपये बताई गई है।
शिकायत के बाद खुला पूरा मामला
घटना के बाद पीड़ित को आरोपियों के पुलिस अधिकारी होने पर संदेह हुआ और उसने 14 सितंबर को छावला थाने में शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
जांच टीम ने डिजिटल पेमेंट के जरिए पैसों के लेन-देन की जानकारी जुटाई। पुलिस ने उन बैंक खातों की पहचान की, जिनमें रकम ट्रांसफर की गई थी। इसके बाद तकनीकी जांच और पीड़ित की ओर से उपलब्ध कराए गए हुलिए के आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई गई।
चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में मंदीप (38), प्रीति (32), कमलेश (42) और रितु (40) को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के पास से करीब 70,500 रुपये नकद बरामद किए गए हैं। बाकी रकम जिन बैंक खातों तक पहुंची थी, उन्हें फ्रीज करा दिया गया है ताकि रकम को आगे ट्रांसफर या निकाला न जा सके।
पुराने मामलों की भी जांच
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में से कुछ के खिलाफ पहले भी मामले दर्ज रहे हैं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी पहले भी इसी तरह की घटनाओं में शामिल रहे हैं या नहीं।
जांच एजेंसियां संभावित अन्य साथियों और ऐसे लोगों की भी पहचान कर रही हैं, जो कथित तौर पर इसी तरीके से ठगी या वसूली का शिकार हुए हो सकते हैं।
डेटिंग ऐप इस्तेमाल करने वालों के लिए सावधानी जरूरी
इस मामले ने डेटिंग ऐप के जरिए होने वाली मुलाकातों में सुरक्षा को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। किसी अनजान व्यक्ति से पहली बार मिलने पर सार्वजनिक स्थान का चयन करना, अपनी निजी जानकारी साझा करने से बचना और किसी भी तरह की धमकी या जबरन वसूली की स्थिति में तुरंत पुलिस से संपर्क करना महत्वपूर्ण है।
फिलहाल दिल्ली पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ के जरिए गिरोह के नेटवर्क और संभावित अन्य पीड़ितों के बारे में जानकारी जुटा रही है।