गौतमबुद्ध नगर में सपा का संगठन बदला तो दादरी में बढ़ी हलचल
टिकट के दावेदारों की सक्रियता तेज
ग्रेटर नोएडा, 18 सितंबर 2026। गौतमबुद्ध नगर में समाजवादी पार्टी ने संगठन में बदलाव करते हुए इंदर प्रधान को दोबारा जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी है। इस बदलाव के बाद जिले की दादरी विधानसभा सीट को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की चर्चा है। आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए पार्टी के भीतर संभावित प्रत्याशियों और टिकट की दावेदारी को लेकर हलचल बढ़ती दिखाई दे रही है।
जेवर और सिकंदराबाद में भी नहीं घोषित प्रत्याशी
पार्टी के नए जिलाध्यक्ष की घोषणा के बाद अब पूर्व जिलाध्यक्ष सुधीर भाटी के नाम की भी दावेदारी को लेकर चर्चा तेज हो गई है। हालांकि पार्टी स्तर पर अभी किसी नाम पर आधिकारिक मुहर नहीं लगी है। दादरी सीट से कई अन्य नेता भी टिकट की दावेदारी कर रहे हैं और अपने-अपने स्तर पर संगठन के वरिष्ठ नेताओं से संपर्क में बताए जा रहे हैं। गौतमबुद्धनगर की जेवर विधानसभा सीट को लेकर भी समाजवादी पार्टी ने अभी प्रत्याशी घोषित नहीं किया है। वहीं, जिले से सटे बुलंदशहर की सिकंदराबाद सीट पर भी पार्टी की ओर से उम्मीदवार का ऐलान बाकी है।
दादरी सीट पर क्यों बढ़ी राजनीतिक गतिविधियां?
गौतमबुद्ध नगर जिले में नोएडा, दादरी और जेवर तीन विधानसभा क्षेत्र हैं। ऐसे में जिले के संगठनात्मक बदलाव का असर तीनों क्षेत्रों की पार्टी गतिविधियों पर पड़ सकता है।
दादरी विधानसभा क्षेत्र में टिकट को लेकर संभावित दावेदारों की सक्रियता बढ़ने की बात सामने आई है। संगठन में नए नेतृत्व के बाद स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच अपनी राजनीतिक सक्रियता बढ़ाने की कोशिशें तेज होने की चर्चा है।
हालांकि, किसी विशेष नेता को दादरी से सपा का उम्मीदवार बनाए जाने की आधिकारिक घोषणा अभी नहीं हुई है। इसलिए टिकट को लेकर सामने आ रहे नामों और चर्चाओं को फिलहाल संभावित दावेदारी के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
जेवर और नोएडा पर भी नजर
गौतमबुद्ध नगर में सपा के लिए दादरी के साथ नोएडा और जेवर भी महत्वपूर्ण विधानसभा क्षेत्र हैं। उपलब्ध रिपोर्ट के मुताबिक जेवर और सिकंदराबाद को लेकर भी पार्टी की ओर से प्रत्याशी घोषित नहीं किए गए हैं, जिसके कारण संभावित उम्मीदवारों के बीच गतिविधियां जारी हैं।
संगठनात्मक बदलाव के बाद पार्टी स्थानीय स्तर पर कार्यकर्ताओं की सक्रियता, बूथ प्रबंधन और क्षेत्रीय मुद्दों पर फोकस बढ़ाने की तैयारी में है। जिलाध्यक्ष के सामने संगठन को चुनावी स्तर पर मजबूत करने की जिम्मेदारी होगी।
बूथ स्तर पर संगठन मजबूत करना चुनौती
इंदर प्रधान के सामने सबसे बड़ी चुनौती जिले में पार्टी के संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने की बताई जा रही है। इसके लिए बूथ कमेटियों की सक्रियता, स्थानीय कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय और विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी की गतिविधियों को बढ़ाना महत्वपूर्ण होगा।
दादरी जैसी सीट पर टिकट के इच्छुक नेताओं की संख्या और स्थानीय राजनीतिक समीकरण आने वाले समय में पार्टी की रणनीति को प्रभावित कर सकते हैं। हालांकि अंतिम प्रत्याशी चयन पार्टी नेतृत्व के फैसले पर निर्भर करेगा।
आगे क्या होगा?
गौतमबुद्ध नगर में सपा के संगठनात्मक बदलाव के बाद अब निगाहें संभावित प्रत्याशियों के चयन और विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी की आगामी गतिविधियों पर हैं। दादरी में टिकट को लेकर बढ़ती सक्रियता के बीच यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि पार्टी संगठन स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं के बीच किस तरह समन्वय बनाता है।
फिलहाल इंदर प्रधान की नियुक्ति के बाद संगठन को सक्रिय करने की प्रक्रिया और टिकट से जुड़ी चर्चाएं राजनीतिक गतिविधियों के प्रमुख केंद्र में हैं। आधिकारिक प्रत्याशी सूची आने के बाद ही दादरी सीट पर सपा की चुनावी रणनीति को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी।