नई दिल्ली, 29 अगस्त 2026 । लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े मामले में एक वकील की गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियों की पड़ताल और गहरी हो गई है। सामने आई जानकारी के मुताबिक, गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई की मां ने कथित तौर पर इस वकील को राखी बांधी थी, जिसके बाद उसे परिवार में ‘मामा’ का दर्जा दिया गया। अब गिरफ्तारी के बाद जांच एजेंसियां उसके कथित संपर्कों, हथियारों की सप्लाई और आतंकी मॉड्यूल से जुड़े संभावित कनेक्शन की जांच कर रही हैं।
क्राइम ब्रांच ने दीपक नंदा को मंगलवार को IGI एयरपोर्ट से पकड़ा था। पूछताछ के बाद बुधवार को उसे गिरफ्तार किया गया। यह गिरफ्तारी शाहबाज अंसारी-सलीम पिस्टल के इंटरनैशनल हथियार और आतंकी मॉड्यूल पर दर्ज केस में हुई है। जांच में सामने आया था कि देश के भीड़भाड़ वाले इलाकों में अंधाधुंध फायरिंग कर लोगों में आतंक फैलाने के लिए बड़ी संख्या में विदेशी हथियार जुटाए जा रहे थे।
आज कोर्ट में पेश किया जाएगा दीपक
पुलिस ने बुधवार को कोर्ट में फरार सदस्यों की जानकारी और हथियारों की बरामदगी के लिए रिमांड मांगी थी। तीन दिन की रिमांड खत्म होने के बाद दीपक को आज कोर्ट में पेश किया जाएगा। पुलिस आतंकी-गैंगस्टर्स सिंडिकेट, एक्सटॉर्शन रैकेट और हथियार तस्करी को लेकर फिर रिमांड मांग सकती है। हालांकि, दीपक के वकीलों ने बुधवार को कोर्ट में पुलिस रिमांड का विरोध किया था।
मामले में पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी वकील की भूमिका महज कानूनी मदद तक सीमित थी या वह गैंग के लिए किसी अन्य गतिविधि में भी सक्रिय था। जांच का फोकस हथियारों की आवाजाही, संदिग्ध लोगों से संपर्क और गैंग से जुड़े नेटवर्क पर भी है।
पूछताछ के दौरान सामने आने वाली जानकारियां इस पूरे नेटवर्क की कार्यप्रणाली और उसके संभावित सहयोगियों तक पहुंचने में अहम साबित हो सकती हैं। हालांकि, जांच पूरी होने तक आरोपों और संभावित आतंकी कनेक्शन को लेकर अंतिम निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी।