नई दिल्ली, 13 जुलाई 2026 । दिल्ली में सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जों के खिलाफ दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) ने बड़ा अभियान शुरू करने का फैसला किया है। इस विशेष कार्रवाई के तहत अगले 72 घंटे तक लगातार बुलडोजर अभियान चलाया जाएगा। अभियान का उद्देश्य सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराना और भविष्य में होने वाले अवैध कब्जों पर सख्ती से रोक लगाना है।
अवैध कब्जे का पता चलने के अधिकतम 72 घंटे के अंदर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पूरी होगी। DDA ने फ्लाइंग स्क्वॉड और क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) के लिए नया स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SoP) लागू किया है।
- DDA ने अलग-अलग जोन में 14 फ्लाइंग स्क्वॉड टीम बनाई है। ये नियमित फील्ड निरीक्षण करेंगी।
- सरकारी और DDA की जमीनों पर किसी भी तरह के अवैध निर्माण या अतिक्रमण की शुरुआती स्तर पर पहचान करेंगी।
- टीमों को जियो-टैग्ड फोटो, तारीख और समय के साथ सबूत जुटाने होंगे, ताकि कार्रवाई में देरी न हो।
- DDA का कहना है कि नई व्यवस्था का मकसद केवल अवैध निर्माण हटाना नहीं, बल्कि सरकारी जमीनों को दोबारा कब्जे से बचाना भी है।
- इसके लिए ध्वस्तीकरण के बाद संबंधित फील्ड अधिकारियों को लगातार निगरानी रखने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
- जरूरत पड़ने पर ड्रोन सर्वे किए जाएंगे और लैंड मॉनिटरिंग सिस्टम के साथ फील्ड निरीक्षण को जोड़ा जाएगा।
DDA की टीम पुलिस और स्थानीय प्रशासन के सहयोग से चिन्हित इलाकों में कार्रवाई करेगी। जिन स्थानों पर सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण, झुग्गियां, अस्थायी ढांचे या अन्य प्रकार के अतिक्रमण पाए गए हैं, उन्हें नियमों के तहत हटाया जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान पूर्व निर्धारित योजना के तहत चलाया जा रहा है और जिन मामलों में आवश्यक है, वहां कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही कार्रवाई की जाएगी।
प्राधिकरण के अनुसार, सरकारी जमीनों को अतिक्रमण मुक्त कराने से सार्वजनिक परियोजनाओं, सड़क निर्माण, हरित क्षेत्र के विकास और अन्य बुनियादी सुविधाओं के विस्तार में तेजी आएगी। साथ ही, भविष्य में सरकारी संपत्तियों पर अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध निर्माण या कब्जा न करें। यदि किसी व्यक्ति ने नियमों का उल्लंघन किया है, तो उसके खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।