नई दिल्ली, 20 जून् 2026 । बॉलीवुड से जुड़े एक विवादित बयान ने एक बार फिर सुर्खियां बटोर ली हैं। “सलमान भगवान नहीं, वो मुझे नहीं रोक सकता” जैसी टिप्पणी के बाद मनोरंजन जगत और सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है। बयान देने वाले शख्स ने साफ तौर पर कहा कि किसी भी व्यक्ति को इतना प्रभावशाली नहीं माना जाना चाहिए कि वह किसी के करियर या फैसलों को नियंत्रित कर सके।
फिल्म काला हिरण अनाउंसमेंट के बाद से ही लगातार विवादों में है। फिल्म का किरदार सलमान खान से और कहानी उनके काला हिरण शिकार मामले से मिलती हुई दिखाई गई है, यहां तक कि पोस्टर में एक्टर को सलमान खान का ब्रेसलेट भी पहने दिखाया गया है। पोस्टर जारी होते ही सलमान ने फिल्ममेकर्स के खिलाफ याचिका दायर कर रिलीज रोकने की मांग की है। इसी बीच प्रोड्यूसर अमित जानी ने दावा किया है कि उन्हें लगातार धमकियां मिल रही हैं। अब फिल्म के डायरेक्टर ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि फिल्म सलमान पर नहीं हैं। वो भगवान नहीं हैं और न ही गॉडफादर हैं, जो उन्हें रोक सकते हैं।
ब्रेसलेट की समानता पर फिल्म के डायरेक्टर भरत एस श्रीनेत ने न्यूज 18 को दिए इंटरव्यू में कहा ‘यह ब्रेसलेट कोई पेटेंट की गई चीज नहीं है। अगर सलमान को लगता है कि सिर्फ वही इसे पहन सकते हैं, तो उन्हें इसका पेटेंट करवा लेना चाहिए। फिर यह ब्रेसलेट दुनिया में कहीं और उपलब्ध नहीं होना चाहिए। मैं इस बात से बिल्कुल सहमत नहीं हूं कि यह फिल्म या इसका किरदार सलमान खान पर आधारित है। हमारा किरदार सलमान खान नहीं है। यह सिर्फ एक फिल्म है।’
यह टिप्पणी ऐसे समय सामने आई है जब फिल्म इंडस्ट्री में स्टार पावर, प्रभाव और अवसरों को लेकर लगातार चर्चा होती रही है। बयान के बाद समर्थक और आलोचक दोनों पक्षों की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जोड़कर देख रहे हैं, जबकि कुछ का मानना है कि इस तरह की टिप्पणियां अनावश्यक विवाद को जन्म देती हैं।
गौरतलब है कि बॉलीवुड अभिनेता सलमान भगवान लंबे समय से हिंदी फिल्म उद्योग के सबसे प्रभावशाली सितारों में गिने जाते हैं। ऐसे में उनके नाम से जुड़ा कोई भी बयान तेजी से चर्चा का विषय बन जाता है।
फिलहाल इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है। हालांकि, विवाद के बीच यह भी कहा जा रहा है कि फिल्म इंडस्ट्री में हर कलाकार को अपने विचार रखने और अपने करियर से जुड़े निर्णय लेने का अधिकार है।