देहरादून, 28 अगस्त 2026 । उत्तराखंड की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत और निर्दलीय विधायक उमेश कुमार के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। उमेश कुमार के खुद को गरीब बताए जाने वाले बयान पर हरीश रावत ने तीखी प्रतिक्रिया दी। रावत ने दावा किया कि विधायक के पास करोड़ों रुपये की संपत्ति है और उनकी मासिक आमदनी एक लाख रुपये से अधिक है। ऐसे में खुद को गरीब बताना जनता को गुमराह करने जैसा है।
लंबे समय से स्वास्थ्य लाभ ले रहे पूर्व सीएम और कांग्रेस नेता हरीश रावत ने फेसबुक पोस्ट के जरिए कहा कि सोशल मीडिया पर उन्होंने कार्यक्रम में देखा कि उन्हें निर्दलीय विधायक उमेश शर्मा ने गरीब बताया। हरदा ने इस पर आपत्ति जताते हुए कहा कि वे उन्होंने कभी नहीं कहा कि वे गरीब हैं। हरदा ने बताया कि उनकी मासिक आमदनी 1 लाख से ऊपर है।
हरीश रावत ने साधा सीधा निशाना
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कुछ जनप्रतिनिधि अपनी राजनीतिक छवि को गरीब और आम आदमी के करीब दिखाने की कोशिश करते हैं, जबकि उनकी वास्तविक आर्थिक स्थिति अलग होती है। रावत ने लोगों से ऐसे नेताओं को उनके बयानों के बजाय उनके वास्तविक आचरण और काम के आधार पर परखने की अपील की।
पुराना विवाद भी रहा है चर्चा में
हरीश रावत और उमेश कुमार के बीच राजनीतिक टकराव नया नहीं है। उमेश कुमार वर्ष 2016 के चर्चित स्टिंग मामले को सामने लाने के बाद भी सुर्खियों में रहे थे। उस मामले में रावत सरकार से जुड़े आरोपों को लेकर काफी राजनीतिक विवाद हुआ था और बाद में CBI जांच भी शुरू हुई थी।
उत्तराखंड की राजनीति में फिर गरमाया विवाद
उमेश कुमार के बयान और हरीश रावत की प्रतिक्रिया ने उत्तराखंड की राजनीति में एक बार फिर दोनों नेताओं के बीच पुराने राजनीतिक मतभेदों को चर्चा में ला दिया है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि उमेश कुमार हरीश रावत के आरोपों पर क्या जवाब देते हैं और यह बयानबाजी आगे कितना राजनीतिक रंग लेती है।