सचिवालय बैठक में मुख्यमंत्री सख्त: लंबित घोषणाओं पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश
देहरादून, 14 अप्रैल 2026 । राज्य सरकार की कार्यप्रणाली को तेज करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने सचिवालय में उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए लंबित घोषणाओं पर त्वरित कार्रवाई के सख्त निर्देश दिए। बैठक में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जहां योजनाओं की प्रगति और अटकी हुई परियोजनाओं की समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को राज्य सरकार के मूल मंत्र “सरलीकरण, समाधान, निस्तारण और संतुष्टि” के आधार पर कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े कार्यों में आने वाली समस्याओं का त्वरित समाधान किया जाए। योजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली समस्याओं का संबंधित क्षेत्र के विधायकगणों के साथ समन्वय स्थापित कर उनका प्रभावी समाधान निकाला जाए, ताकि विकास कार्यों की गति बनी रहे।
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि सरकार की घोषणाएं केवल कागजों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि उनका जमीनी स्तर पर प्रभाव दिखना जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी लंबित घोषणाओं की विभागवार सूची तैयार कर समयबद्ध तरीके से उन्हें पूरा किया जाए।
बैठक में यह भी सामने आया कि कई योजनाएं प्रशासनिक प्रक्रियाओं, बजट आवंटन या समन्वय की कमी के कारण अटकी हुई हैं। इस पर मुख्यमंत्री ने नाराजगी जताते हुए संबंधित विभागों को जिम्मेदारी तय करने और देरी के कारणों की रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा।
उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि जिन योजनाओं का सीधा संबंध जनता से है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। साथ ही, निगरानी व्यवस्था को मजबूत करने और नियमित समीक्षा बैठकों के जरिए प्रगति पर नजर रखने के निर्देश दिए गए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को चेतावनी दी कि काम में लापरवाही या अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करते हुए योजनाओं को तय समय सीमा में पूरा करना ही सरकार की प्राथमिकता है।
इस बैठक के बाद उम्मीद की जा रही है कि विभिन्न विभागों में लंबित परियोजनाओं को लेकर तेजी आएगी और सरकार की घोषणाएं जल्द ही धरातल पर दिखाई देंगी।