नई दिल्ली,30 अक्टूबर 2026। जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय में पिछले 18 दिनों से चल रहा छात्रों का आंदोलन आखिरकार समाप्त हो गया है। गुरुवार, 29 अक्टूबर को विश्वविद्यालय प्रशासन और प्रदर्शनकारी छात्रों के बीच सहमति बनने के बाद छात्रों ने अपना धरना और भूख हड़ताल खत्म करने का ऐलान किया।
छात्र लंबे समय से विश्वविद्यालय में छात्रसंघ की बहाली और चुनाव कराने की मांग कर रहे थे। उनका कहना था कि वर्ष 2006 के बाद से विश्वविद्यालय में छात्रसंघ चुनाव नहीं हुए हैं।
प्रशासन की ओर से जारी नए आदेश के मुताबिक, जामिया मिल्लिया इस्लामिया छात्रसंघ के संविधान को 15 मई 2027 तक मंजूरी देकर लागू करने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के छह सप्ताह के भीतर छात्रसंघ चुनाव कराने की योजना है। चुनाव प्रक्रिया में लिंगदोह समिति की सिफारिशों का पालन किया जाएगा।
इसके अलावा, आंदोलन में शामिल छात्रों के खिलाफ जारी कारण बताओ नोटिस, निलंबन और अन्य अनुशासनात्मक कार्रवाई वापस लेने का फैसला किया गया है।
इस फैसले के बाद प्रदर्शनकारी छात्रों ने परिसर में जश्न मनाया। हालांकि, गिरफ्तार छात्रों से जुड़े मामलों की कानूनी प्रक्रिया अलग से जारी है।
यह घटनाक्रम विश्वविद्यालय में छात्र प्रतिनिधित्व की बहाली की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।