रांची/पटना , 27 अक्टूबर 2026। प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी के डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर देवपालिक गुप्ता के लापता होने से हड़कंप मच गया है। उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले 31 वर्षीय देवपालिक 26 अक्टूबर 2026 को रांची से पटना जा रहे थे। वह जनशताब्दी एक्सप्रेस में अपने दोस्तों और सहकर्मियों के साथ सफर कर रहे थे। यात्रा के दौरान अचानक उनके लापता होने की सूचना मिली, जिसके बाद रेलवे पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने तलाश शुरू कर दी। 27 अक्टूबर को उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, उनके लापता होने की जांच जारी थी और शव बरामद होने की पुष्टि नहीं हुई थी।
देवपालिक गुप्ता का शव मिलने की खबर मिलते ही घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भीड़ जुट गई। पुलिस मामले की जांच में जुटी है। सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर छानबीन कर रही है। 31 वर्षीय देवपालिक उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के रहने वाले थे। वो रांची से पटना जा रहे थे।
पैंट्री कार जाने की बात कहकर निकले थे देवपालिक
देवपालिक के मित्र और सहकर्मी गौतम कुमार के अनुसार, वे रांची रेलवे स्टेशन से जनशताब्दी एक्सप्रेस में सवार हुए थे। ट्रेन दोपहर करीब 2:25 बजे रवाना हुई। यात्रा शुरू होने के लगभग 10 मिनट बाद देवपालिक ने कहा कि वह कुछ खाने का सामान लेने के लिए पैंट्री कार जा रहे हैं।
काफी देर तक वापस नहीं लौटने पर उनके साथियों ने पैंट्री कार और ट्रेन के अन्य डिब्बों में तलाश की, लेकिन उनका पता नहीं चला। इसके बाद मामले की सूचना रेलवे पुलिस को दी गई।
मुरी जंक्शन पर दर्ज कराई गई शिकायत
ट्रेन के मुरी जंक्शन पहुंचने पर साथियों ने राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) से शिकायत की। रेलवे सुरक्षा बल के निरीक्षक संजीव सिंह ने बताया कि स्टेशन पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की जा रही है।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, देवपालिक रांची के बाद ट्रेन के पहले ठहराव मुरी जंक्शन पर नहीं उतरे थे। उनका मोबाइल फोन भी बंद आ रहा था। स्थानीय पुलिस और RPF की संयुक्त टीम उनकी तलाश में जुटी थी।
देवपालिक गुप्ता उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले के निवासी और दिल्ली स्थित भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC) के पूर्व छात्र हैं। वह प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी में डिजिटल कम्युनिकेशन मैनेजर के रूप में काम कर रहे थे।
उनके लापता होने की खबर सामने आने के बाद पार्टी से जुड़े लोगों और समर्थकों ने उनकी तलाश में मदद की अपील की। फिलहाल, उनके लापता होने की परिस्थितियों को लेकर आधिकारिक जांच के निष्कर्ष सामने आने बाकी हैं।
शव बरामद होने की खबर पर क्या है स्थिति?
देवपालिक गुप्ता का शव बरामद होने का दावा सामने आया है, लेकिन उपलब्ध विश्वसनीय रिपोर्टों में इसकी पुष्टि नहीं मिली। इसलिए उनकी स्थिति और घटना के कारणों के बारे में कोई निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी। पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल की जांच से ही इस मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।