धूरी, 21 सितंबर 2026 । पंजाब में 2027 विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच आम आदमी पार्टी ने अपना जमीनी चुनाव अभियान शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने रविवार को अपने विधानसभा क्षेत्र धूरी से घर-घर जाकर प्रचार अभियान की शुरुआत की। अभियान के केंद्र में ‘मान दा मुनाफा’ रखा गया है। पार्टी इस अभियान के जरिए सरकार के पिछले करीब साढ़े चार साल के कामकाज और योजनाओं का रिपोर्ट कार्ड लोगों तक पहुंचाने की तैयारी में है।
चुनाव प्रचार के दौरान लोगों से मिले गर्मजोशी भरे स्वागत के बीच मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘आप’ 2022 से अब तक किए गए कामों का रिपोर्ट कार्ड लेकर हर घर तक पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी का चुनाव प्रचार साकारात्मक होगा और इसका केंद्र पंजाब सरकार द्वारा लोगों के लिए किए गए कामों पर होगा। उन्होंने कहा कि आप जमीनी स्तर पर किए गए कामों के आधार पर लोगों से समर्थन मांगेगी और विपक्षी पार्टियों से उनके कार्यकाल और ड्रग्स के मुद्दे पर जवाब भी मांगेगी।
सरकार का साढ़े चार साल का रिपोर्ट कार्ड घर-घर
AAP ने चुनाव प्रचार के लिए एक कैंपेन पैम्फलेट भी जारी किया है। इसमें सरकार की ओर से पूरी की गई गारंटियों और पिछले कार्यकाल के कामों को प्रमुखता दी गई है। इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार, पार्टी ने पिछले SAD-BJP और कांग्रेस सरकारों को लेकर एक ‘चार्जशीट’ भी अपने प्रचार सामग्री में शामिल की है।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि पार्टी अपने काम का रिकॉर्ड लेकर लोगों के बीच जाएगी। उन्होंने अभियान को सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों पर केंद्रित रखने की बात कही है।
2.68 लाख से ज्यादा बूथ कार्यकर्ता संभालेंगे मोर्चा
इस अभियान को बूथ स्तर तक पहुंचाने के लिए AAP ने बड़े संगठनात्मक नेटवर्क की तैयारी की है। पार्टी के अनुसार करीब 2.68 लाख बूथ कमेटी सदस्य घर-घर जाकर लोगों से संपर्क करेंगे। पंजाब में 25,332 बूथ हैं और अभियान को बूथ कमेटियों के जरिए संचालित करने की योजना बताई गई है।
इस दौरान पार्टी कार्यकर्ता सरकार की योजनाओं, विकास कार्यों और चुनावी संदेश को लोगों तक पहुंचाने के साथ स्थानीय स्तर पर प्रतिक्रिया भी जुटाएंगे।
बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य पर जोर
‘मान दा मुनाफा’ अभियान में बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य को प्रमुख मुद्दों के तौर पर रखा गया है। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि इन क्षेत्रों में सरकारी योजनाओं के कारण परिवारों की जेब पर पड़ने वाला खर्च कम हुआ है।
AAP का कहना है कि आम आदमी क्लीनिक, सरकारी स्कूलों में सुधार और मुफ्त बिजली जैसी योजनाओं का सीधा असर घरेलू बजट पर पड़ा है। दूसरी ओर, इन दावों का वास्तविक आर्थिक प्रभाव अलग-अलग परिवारों और योजनाओं के उपयोग के आधार पर अलग हो सकता है।
विपक्ष के रिकॉर्ड पर भी सवाल उठाने की तैयारी
चुनावी अभियान के दौरान AAP केवल अपने काम की बात करने तक सीमित नहीं रहने वाली है। मुख्यमंत्री ने विपक्षी दलों के पिछले कार्यकाल और खासतौर पर पंजाब में ड्रग्स की समस्या को लेकर भी सवाल उठाने की बात कही है।
इससे साफ है कि ‘मान दा मुनाफा’ अभियान के जरिए AAP एक तरफ अपनी सरकार के कामकाज को जनता तक पहुंचाएगी, वहीं दूसरी तरफ विपक्ष के शासनकाल की तुलना भी चुनावी बहस का हिस्सा बनेगी।
2027 चुनाव से पहले तेज हुई जमीनी राजनीति
पंजाब में 2027 विधानसभा चुनाव अभी आगे हैं, लेकिन प्रमुख राजनीतिक दलों की गतिविधियां तेज हो रही हैं। AAP ने धूरी से अपने डोर-टू-डोर अभियान की शुरुआत करके संगठन को बूथ स्तर पर सक्रिय करने का संदेश दिया है।
अब आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि ‘मान दा मुनाफा’ अभियान को राज्य के अलग-अलग क्षेत्रों में किस तरह आगे बढ़ाया जाता है और दूसरे राजनीतिक दल इसके जवाब में किन मुद्दों को प्रमुखता देते हैं।