गाजियाबाद में शिवभक्त कांवड़ियों का होगा भव्य स्वागत: 10 अगस्त को सीएम योगी करेंगे पुष्पवर्षा
गाजियाबाद, 06 अगस्त 2026 । उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 10 अगस्त को गाजियाबाद पहुंचकर सावन के पावन अवसर पर शिवभक्त कांवड़ियों का स्वागत करेंगे। इस दौरान मुख्यमंत्री कांवड़ यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं के ऊपर हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा करेंगे। प्रशासन ने इसके लिए दो प्रमुख स्थानों का चयन किया है और कार्यक्रम को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। सुरक्षा, यातायात और व्यवस्थाओं को लेकर जिला प्रशासन, पुलिस और अन्य विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
जिलाधिकारी ने बताया कि इस बार मुख्यमंत्री के हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा के लिए जिले में दो प्रमुख स्थान तय किए गए हैं। पहला स्थान श्री दूधेश्वरनाथ मठ मंदिर होगा, जहां बड़ी संख्या में कांवड़िए जलाभिषेक के लिए पहुंचते हैं। दूसरा स्थान मुरादनगर गंग नहर स्थित कांवड़ मार्ग रहेगा, जहां से गुजरने वाले शिवभक्तों पर भी हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा की जाएगी। दोनों स्थानों पर आवश्यक तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
कांवड़ यात्रा के दौरान लाखों शिवभक्त हरिद्वार और अन्य तीर्थस्थलों से गंगाजल लेकर अपने-अपने गंतव्य की ओर रवाना होते हैं। ऐसे में मुख्यमंत्री द्वारा पुष्पवर्षा को श्रद्धालुओं के सम्मान और उत्साहवर्धन से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था नहीं होने दी जाएगी।
जिला प्रशासन ने जिन दो स्थानों को पुष्पवर्षा के लिए चिन्हित किया है, वहां विशेष सुरक्षा व्यवस्था, बैरिकेडिंग, ट्रैफिक डायवर्जन और आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की व्यवस्था की जा रही है। पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, नगर निगम और अन्य संबंधित एजेंसियों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण और सुचारु रूप से संपन्न हो सके।
सावन के दौरान कांवड़ यात्रा उत्तर भारत के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक मानी जाती है। यात्रा मार्गों पर जगह-जगह शिविर, चिकित्सा सहायता, पेयजल, भोजन और विश्राम की व्यवस्थाएं की जाती हैं। गाजियाबाद से होकर बड़ी संख्या में कांवड़िये गुजरते हैं, इसलिए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और यातायात प्रबंधन को लेकर विशेष योजना तैयार की है।
अधिकारियों ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे यात्रा के दौरान जारी ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करें, वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करें और प्रशासन का सहयोग करें। साथ ही श्रद्धालुओं से भी अनुशासन बनाए रखने और यात्रा को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने में सहयोग करने का आग्रह किया गया है।