नई दिल्ली,09 जनवरी 26 । ईमेल सर्विस के क्षेत्र में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। अब जीमेल सिर्फ मेल भेजने और पढ़ने का जरिया नहीं रहेगा, बल्कि यह एक पर्सनल असिस्टेंट की तरह काम करेगा। नई स्मार्ट सुविधाओं के साथ जीमेल यूज़र्स के रोज़मर्रा के काम को आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। गूगल की ओर से किए गए इन अपडेट्स का मकसद ईमेल मैनेजमेंट को तेज़, समझदार और ज्यादा उपयोगी बनाना है।
गूगल ने अपने ईमेल प्लेटफॉर्म जीमेल में ‘AI इनबॉक्स’ और ‘AI ओवरव्यू’ जैसे कई फीचर्स जोड़े हैं। अब आपका जीमेल इनबॉक्स न सिर्फ ईमेल रिसीव करेगा, बल्कि एक पर्सनल असिस्टेंट की तरह यह भी बताएगा कि कौन सा ईमेल आपके लिए सबसे ज्यादा जरूरी है।
गूगल का कहना है कि यह नया इनबॉक्स जेमिनी 3 की रीजनिंग पावर पर काम करेगा। इससे यह ईमेल की लिस्ट दिखाने के बजाय कॉन्टेक्स्ट के हिसाब से जरूरी एक्शन सुझाएगा।
जीमेल की यह पर्सनल असिस्टेंट जैसी भूमिका आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्मार्ट ऑटोमेशन पर आधारित होगी। सिस्टम ईमेल की भाषा, संदर्भ और समय को समझकर यह तय करेगा कि कौन सा मेल तुरंत ध्यान देने लायक है और किसे बाद में देखा जा सकता है। साथ ही, रिप्लाई ड्राफ्ट करना, संक्षिप्त सार दिखाना और जरूरी जानकारी हाइलाइट करना भी आसान होगा।
वर्किंग प्रोफेशनल्स और बिजनेस यूज़र्स के लिए यह बदलाव खास तौर पर फायदेमंद माना जा रहा है। रोज़ाना आने वाले सैकड़ों ईमेल के बीच जरूरी मैसेज मिस होने की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है। मीटिंग इनवाइट्स, डेडलाइन और टास्क से जुड़े मेल को जीमेल खुद पहचानकर यूज़र को अलर्ट करेगा, जिससे समय और उत्पादकता दोनों की बचत होगी।
सुरक्षा और प्राइवेसी को लेकर भी गूगल ने स्पष्ट किया है कि यूज़र डेटा की सुरक्षा प्राथमिकता बनी रहेगी। स्मार्ट फीचर्स का इस्तेमाल यूज़र की अनुमति और कंट्रोल के साथ होगा, ताकि कोई भी जानकारी बिना जरूरत के साझा न हो। यूज़र चाहें तो इन फीचर्स को कस्टमाइज या बंद भी कर सकेंगे।
कुल मिलाकर, जीमेल का यह नया अवतार ईमेल इस्तेमाल करने के तरीके को पूरी तरह बदल सकता है। अब इनबॉक्स सिर्फ मैसेज देखने की जगह नहीं, बल्कि एक ऐसा डिजिटल असिस्टेंट बनता जा रहा है जो यूज़र की दिनचर्या को व्यवस्थित और आसान बनाने में मदद करेगा।