नई दिल्ली, 15 नवम्बर 2025 । एक समय फिल्मों और छोटे पर्दे पर अपनी मासूमियत और अभिनय से पहचान बनाने वाली एक्ट्रेस नूपुर आज बेहद कठिन परिस्थितियों से गुजर रही हैं। कभी स्पॉटलाइट में रहने वाली नूपुर का जीवन अब इतनी गहरी अंधेरी में डूब चुका है कि वे सड़कों पर भीख मांगकर अपना गुज़ारा कर रही हैं। इस shocking स्थिति ने मनोरंजन जगत और दर्शकों को झकझोर दिया है।
ये कहानी है एक ऐसी एक्ट्रेस की, जिसे आपने कभी न कभी अपने टीवी पर जरूर देखा होगा, जिसकी मुस्कान, अदाएं और निभाए गए हर किरदार लोगों के दिलों में बस जाते थे।
27 साल तक वो हर घर की पहचान बनी रहीं। कभी बहू बनकर, कभी बहन, तो कभी किसी की कहानी का अहम हिस्सा बनकर। लेकिन उनकी चमकती मुस्कान के पीछे एक ऐसी सच्चाई छिपी थी, जिसे बहुत कम लोग जानते थे। जिंदगी ने उन्हें इतने झटके और इतने दर्द दिए कि एक दिन उनका मन इस ग्लैमर की दुनिया से पूरी तरह उठ गया। और फिर 2022 में उन्होंने ऐसा फैसला लिया जिसने सभी को चौंका दिया।
हम बात कर रहे हैं टीवी की जानी-मानी एक्ट्रेस नूपुर अलंकार की, जिन्होंने अपने करियर में तकरीबन 157 टीवी शोज में काम किया। हालांकि, फिर एक दिन उन्होंने सिर्फ एक्टिंग ही नहीं छोड़ी, बल्कि शोहरत, पैसा और यहां तक कि अपना सुखी घर भी त्याग दिया। और निकल पड़ीं उस राह पर, जहां न कैमरों की रोशनी थी, न ताली की गूंज सिर्फ शांति और भगवान का नाम।
लग्जरी लाइफ छोड़कर साध्वी बनने की वजह पूछी, तो उन्होंने बस इतना कहा- मां और बहन के मर्डर ने मुझे तोड़ दिया था। जिंदगी से थक चुकी थी। बचपन से लड़ाई-झगड़े, संपत्ति को लेकर विवाद और दर्द ही देखा। बस आगे के जीवन में सुकून चाहिए था।
नूपुर अलंकार का जन्म 25 नवंबर 1972 को जयपुर में हुआ था। बचपन से ही उन्हें कला और एक्टिंग का शौक था। उन्होंने थिएटर और छोटे मंचों से शुरुआत की और धीरे-धीरे टीवी की दुनिया में कदम रखा। 1990 में मशहूर टीवी शो शक्तिमान से एक्टिंग की दुनिया में कदम रखा था। इसके बाद वह रेत, घर की लक्ष्मी बेटियां, अगले जनम मोहे बिटिया ही किजो और भागे रे मन जैसे शो में नजर आईं।
सिर्फ टीवी शो ही नहीं, नूपुर ने अपने 27 साल लंबे करियर में हिंदी फिल्मों में भी काम किया है। वह सांवरिया, राजा जी और सोनाली केबल जैसी फिल्मों में नजर आई थीं। भले ही उनके किरदार छोटे थे, लेकिन उन्होंने हर भूमिका में अपनी छाप छोड़ी। इसके बाद 2002 में नूपुर ने अपने को-एक्टर अलंकार श्रीवास्तव से शादी की थी।
नूपुर अलंकार की जिंदगी में सब कुछ बहुत खुशनुमा था। प्यार करने वाला पति, शानदार घर और टीवी की दुनिया में उनकी अपनी पहचान। जिंदगी मानो एक खूबसूरत सपने की तरह चल रही थी। फिर आया साल 2019, यह वही साल था जब नूपुर की जिंदगी मुश्किलों से घिर गई।
साल 2019 में पंजाब एंड महाराष्ट्र को-ऑपरेटिव (PMC) बैंक घोटाले की खबर आई और उसी बैंक में नूपुर के पैसे भी थे। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने बैंक के बोर्ड को भंग कर दिया, जिस कारण सभी खाते फ्रीज हो गए और निकासी पर सख्त पाबंदियां लग गईं। इस वजह से नूपुर की जिंदगी भर की कमाई लगभग एक करोड़ रुपए उस बैंक में फंस गए।
इसके बाद नूपुर की जिंदगी में आर्थिक कठिनाइयों का दौर शुरू हो गया। उन्हें अपनी ज्वेलरी तक बेचनी पड़ी और लंबे समय तक पैसों की तंगी का सामना करना पड़ा।
नूपुर ने कहा, मैं बेहद आर्थिक तंगी से गुजर रही थी। दूसरे बैंकों में मेरे अकाउंट्स थे, जिन्हें मैंने कुछ साल पहले ही PMC में ट्रांसफर करा लिया था। मुझे जरा भी अंदाजा नहीं था कि मेरे फैमिली मेंबर्स मां, बहन, पति, ननद, ससुरजी और मेरी पूरी जमापूंजी इस तरह फ्रीज हो जाएगी। आरबीआई ने पहले हर अकाउंट होल्डर को धन निकासी की सीमा 1000 रुपए की, फिर 10 हजार रुपए और फिर 25 हजार रुपए कर दी। लेकिन यह अमाउंट 6 महीने में एक बार ही निकाला जा सकता है।
घर में पैसे न होने और बैंक अकाउंट्स फ्रीज होने की वजह से मेरे पास ज्वैलरी बेचने के अलावा कोई रास्ता नहीं बचा है। यहां तक कि मैंने अपने एक साथी एक्टर से 3000 हजार रुपए लिए। एक दोस्त ने मेरे आने जाने के लिए 500 रुपए ट्रांसफर किए। मैंने दोस्तों से 50 हजार रुपए उधार लिए थे।
सिर्फ 2019 ही नहीं, बल्कि 2020 भी नूपुर की जिंदगी के लिए बहुत मुश्किलों से भरा था। जून 2020 में उनकी मां गंभीर रूप से बीमार हो गई थीं और उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया। लेकिन आर्थिक तंगी के कारण नूपुर मां का इलाज नहीं करवा पाईं और इसी वजह से उनकी मां का निधन हो गया। इसी दुख के बीच उनकी बहन जिज्ञासा की भी मौत हो गई। कई मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि बहन की हत्या संपत्ति के विवाद के कारण हुई थी। बस यहीं से नूपुर की जिंदगी पूरी तरह बदल गई, या कहें कि उनका जीवन ही मुश्किलों और दुखों से भर गया।
नूपुर ने कहा, बहन के मर्डर ने सब बदल दिया। मैंने दुनिया से नाता तोड़ना शुरू कर दिया। सांसारिक जीवन में कोई रुचि न रही। मां-बहन के जाने के बाद तीन महीने तक मौन साधना की और उसी दौरान उन्हें जीवन का अर्थ समझ आने लगा।
धीरे-धीरे नूपुर ने महसूस किया कि उन्हें प्रसिद्धि, पैसा और ग्लैमर से दूर जाकर आध्यात्मिक शांति की तलाश करनी है। फिर आया साल 2022, जब नूपुर ने अपनी जिंदगी का सबसे बड़ा फैसला लिया। उन्होंने न केवल एक्टिंग छोड़ दी, बल्कि अपने पति अलंकार श्रीवास्तव से अलग होने का फैसला लिया और साध्वी जीवन अपनाया।
नूपुर का भविष्य—उम्मीद की एक किरण
हालांकि स्थिति बेहद कठिन है, लेकिन अब जब उनकी हालत सामने आई है, उम्मीद है कि समाज, इंडस्ट्री और सरकार मिलकर उनकी मदद के लिए कोई ठोस कदम उठाएँगे।
नूपुर की कहानी यह याद दिलाती है कि फिल्मी स्क्रीन पर चमकने वाले चेहरे भी कभी–कभी जीवन की सबसे अंधेरी राहों से गुजरते हैं।