चंडीगढ़,19 अक्टूबर 2026 । पंजाब के मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले परविंदर सिंह झोटा की हत्या के बाद पंजाबी मनोरंजन जगत में रोष देखने को मिल रहा है। इस घटना के विरोध में कई पंजाबी कलाकारों ने एकजुट होकर पीड़ित परिवार के साथ खड़े होने और न्याय की मांग करने का फैसला किया है। कलाकारों ने अपने कार्यक्रम स्थगित किए हैं, जबकि कुछ ने फिल्मों की रिलीज और विदेश में होने वाले आयोजनों को भी टाल दिया है। इस घटना ने पंजाब में नशे की समस्या, सुरक्षा व्यवस्था और नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों की सुरक्षा को लेकर बहस तेज कर दी है।
बलकौर सिंह ने इसे लेकर जानकारी देते हुए बताया कि परविंदर सिंह झोटा उनके बेटे जैसा था और इस घटना से उन्हें गहरा दुख पहुंचा है। उन्होंने कहा कि झोटा की मौत के बाद लोगों में फैले रोष को देखते हुए कार्यक्रम फिलहाल रद्द किया जा रहा है। उन्होंने कनाडा के कैलगरी और अमेरिका में कार्यक्रम का इंतजार कर रहे प्रशंसकों से माफी मांगी। उन्होंने कहा कि उनके लिए सबसे पहले मानसा और पंजाब है।
बाबू मान और रंजीत बावा भी प्रदर्शन में पहुंचे
परविंदर झोटा को इंसाफ दिलाने की मांग में पंजाबी संगीत जगत के कई चर्चित नाम सामने आए हैं। गायक बाबू मान और रंजीत बावा ने मानसा में विरोध प्रदर्शन स्थल पर पहुंचकर पीड़ित परिवार के प्रति समर्थन जताया। वहीं, अभिनेता और गायिका नीरू बाजवा ने अपनी पंजाबी फिल्म ‘थापी’ की सिनेमाघरों में स्क्रीनिंग रोकने का फैसला किया।
इन कदमों से साफ है कि मामला अब केवल एक आपराधिक वारदात तक सीमित नहीं रहा, बल्कि पंजाबी कलाकारों और आम लोगों के बीच भी व्यापक चर्चा का विषय बन गया है।
13 अक्टूबर को हुई थी परविंदर झोटा की हत्या
रिपोर्टों के मुताबिक, 13 अक्टूबर को मानसा में परविंदर सिंह झोटा की एक मेडिकल स्टोर पर हुए विवाद के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। झोटा नशे के खिलाफ अभियान चलाने के लिए जाने जाते थे। घटना के बाद परिवार और स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया और मामले की केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच कराने की मांग उठाई।
पुलिस ने हत्या के आरोपी मेडिकल स्टोर संचालक अश्वनी कुमार को राजस्थान के सालासर से गिरफ्तार किया। मामले में पुलिस की कार्रवाई और प्रशासन की भूमिका को लेकर भी सवाल उठे। विरोध के बीच मानसा में बंद का आयोजन हुआ और विभिन्न राजनीतिक तथा सामाजिक संगठनों ने प्रदर्शनकारियों का समर्थन किया।
नशे के खिलाफ लड़ाई और न्याय की मांग पर एकजुटता
झोटा हत्याकांड के बाद कलाकारों की प्रतिक्रिया ने पंजाब में नशे की समस्या को फिर से चर्चा के केंद्र में ला दिया है। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि हत्या की निष्पक्ष जांच हो और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। वहीं, परिवार और समर्थक यह भी चाहते हैं कि नशे के खिलाफ अभियान चलाने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
फिलहाल, पंजाबी कलाकारों की ओर से कार्यक्रम स्थगित करना और प्रदर्शन में शामिल होना पीड़ित परिवार के प्रति समर्थन का संदेश है। मामले की जांच और सरकार की अगली कार्रवाई पर अब सबकी नजरें टिकी हैं।