फरीदाबाद , 28 सितंबर 2026 । फरीदाबाद में मंदिर के पुजारी की हत्या के मामले का पुलिस ने 27 दिन बाद खुलासा किया है। सेक्टर-31 थाना क्षेत्र में 30 अगस्त की रात हुई इस वारदात में पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, मंदिर के पास नशा करने से रोकने पर पुजारी और आरोपियों के बीच विवाद हुआ था। विवाद बढ़ने के बाद आरोपियों ने पुजारी के साथ मारपीट की और सिलबट्टे के पत्थर से उनके सिर पर वार कर दिया। गंभीर चोट लगने के कारण पुजारी की मौके पर ही मौत हो गई।
एसीपी क्राइम अमन यादव ने बताया कि पुलिस ने मामले की जांच के दौरान आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में 23 वर्षीय आसिफ उत्तर प्रदेश के मथुरा का रहने वाला है और फिलहाल ओल्ड फरीदाबाद क्षेत्र में रहता था। वह ऑटो चलाने का काम करता है। दूसरा आरोपी आसिफ उर्फ कालिया करीब 34 वर्ष का है। वह राजस्थान का रहने वाला बताया गया है और ओल्ड कॉलोनी क्षेत्र में रहता था। वह भी ऑटो चलाने का काम करता है।
नहर किनारे मंदिर के पास हुई थी वारदात
पुलिस के अनुसार, घटना फरीदाबाद के सेक्टर-30 बाईपास रोड पर नहर किनारे स्थित एक मंदिर के पास हुई थी। 65 वर्षीय पुजारी ओमप्रकाश वहां रहते थे और मंदिर की देखभाल करते थे।
30 अगस्त की रात कुछ युवक मंदिर के पास बैठकर नशा कर रहे थे। पुजारी ने उन्हें वहां नशा करने से मना किया और जगह छोड़ने के लिए कहा। इसी बात को लेकर विवाद शुरू हुआ।
पुलिस की जांच में सामने आया कि वारदात के समय कुल चार लोग मौके पर मौजूद थे। पुलिस के मुताबिक, नशा करने से रोकने के बाद चारों का पुजारी से विवाद हुआ और उन्होंने उनके साथ मारपीट की।
इसी दौरान सिलबट्टे का पत्थर उठाकर पुजारी के सिर पर वार किया गया। सिर में गंभीर चोट लगने के बाद उन्होंने मौके पर ही दम तोड़ दिया। वारदात के बाद आरोपी वहां से फरार हो गए।
27 दिन बाद पुलिस ने दो आरोपियों को पकड़ा
मामले की जांच अपराध शाखा डीएलएफ की टीम कर रही थी। पुलिस ने जांच के दौरान संदिग्धों की पहचान की और दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आसिफ उर्फ टीटी और आसिफ उर्फ कालिया के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, दोनों की उम्र करीब 20 और 34 वर्ष है और वे फरीदाबाद में रहकर ऑटो चलाने का काम करते थे। दोनों मूल रूप से दूसरे राज्यों से यहां आए थे।
पुलिस का कहना है कि मामले में दो अन्य लोग भी शामिल थे। उनकी पहचान कर ली गई है और उनकी गिरफ्तारी के लिए तलाश की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लेने की तैयारी की गई है। रिमांड के दौरान पुलिस वारदात में शामिल अन्य लोगों, घटनाक्रम और पुजारी के सामान के संबंध में पूछताछ करेगी।
एक आरोपी पर पहले से दर्ज हैं मामले
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में से आसिफ उर्फ टीटी के खिलाफ पहले भी आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें आर्म्स एक्ट और चोरी से जुड़े मामले शामिल बताए गए हैं।
पुलिस अब दोनों आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और उनके संपर्कों की भी जांच कर रही है। साथ ही यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वारदात से पहले और बाद में आरोपी किन लोगों के संपर्क में थे।
पुलिस जांच में सामने आएंगे बाकी तथ्य
पुलिस के मुताबिक, शुरुआती जांच में हत्या की वजह नशा करने से रोकने को लेकर हुआ विवाद सामने आया है। हालांकि, मामले में दो अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी और पूछताछ के बाद घटनाक्रम से जुड़े और तथ्य सामने आने की संभावना है।
फिलहाल पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि बाकी आरोपियों की तलाश जारी है। मामले की जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।