नई दिल्ली, 12 सितंबर 2026। ऑनलाइन खाना ऑर्डर करने वाले ग्राहकों के लिए झटका है। जोमैटो ने अपनी प्लेटफॉर्म फीस में बढ़ोतरी की है, जिससे अब हर ऑर्डर पर ग्राहकों को पहले की तुलना में ज्यादा भुगतान करना पड़ सकता है। मार्च 2026 में प्लेटफॉर्म फीस को ₹12.50 से बढ़ाकर ₹14.90 किया गया था। इसमें जीएसटी अलग से लागू होता है।
यह नया शुल्क एप के बिल समरी में ‘पे ऑन डिलीवरी फीस’ के नाम से अलग से जुड़ेगा। कुछ यूजर्स के एप बिल में यह फीस 7 रुपए से लेकर 20 रुपए तक अलग-अलग भी दिखाई दे रही है।
हालांकि, जो यूजर UPI, क्रेडिट/डेबिट कार्ड या नेट बैंकिंग जैसे डिजिटल माध्यमों से ऑनलाइन भुगतान करेंगे, उन पर यह एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगेगा।
COD ऑर्डर पर भी लगा अतिरिक्त चार्ज
इसी बीच जोमैटो ने कैश ऑन डिलीवरी यानी COD ऑर्डर को लेकर भी नया शुल्क लागू किया है। 12 सितंबर 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, COD ऑर्डर पर अलग से चार्ज लिया जा रहा है और इसकी राशि यूजर तथा ऑर्डर की वैल्यू के अनुसार अलग-अलग हो सकती है।
इसका मतलब है कि कैश में भुगतान करने वाले ग्राहकों को डिजिटल पेमेंट की तुलना में अतिरिक्त रकम चुकानी पड़ सकती है।
ग्राहकों के लिए क्या बदलेगा?
अब जोमैटो से खाना मंगाते समय सिर्फ मेन्यू में दिख रही कीमत देखना पर्याप्त नहीं होगा। ऑर्डर की अंतिम राशि में प्लेटफॉर्म फीस, डिलीवरी चार्ज, टैक्स और अन्य लागू शुल्क शामिल हो सकते हैं। इसलिए भुगतान करने से पहले बिल का पूरा ब्रेकअप देखना ग्राहकों के लिए ज्यादा जरूरी हो गया है।
लगातार बढ़ रही फूड डिलीवरी की लागत
फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म पर ग्राहकों के साथ-साथ रेस्टोरेंट भी लागत और कमीशन को लेकर सवाल उठाते रहे हैं। हाल ही में जयपुर के प्रमुख मिठाई कारोबारियों ने भी जोमैटो के खिलाफ कमीशन और अन्य शुल्क को लेकर विरोध जताया था।
ऐसे में प्लेटफॉर्म फीस में बढ़ोतरी का असर सिर्फ ग्राहकों तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे ऑनलाइन फूड डिलीवरी मॉडल की लागत को लेकर बहस भी तेज हो रही है।