पटना, 04 सितंबर2026 । जन सुराज पार्टी के संस्थापक और बांकीपुर विधायक प्रशांत किशोर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक विकसित भारत बनाने के लक्ष्य पर तीखा तंज कसा है। औरंगाबाद दौरे के दौरान उन्होंने कहा कि 2047 में विकसित भारत देखने के लिए कितने लोग जिंदा रहेंगे, यह पता नहीं। उनका कहना था कि लोगों को विकास का इंतजार भविष्य के लिए नहीं, बल्कि आज चाहिए।
नौकरी, पढ़ाई और खाद को बनाया मुद्दा
प्रशांत किशोर ने अपने हमले को युवाओं और किसानों की मौजूदा समस्याओं से जोड़ते हुए रोजगार, शिक्षा, पेपर लीक और खाद की उपलब्धता का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि जब युवाओं को नौकरी नहीं मिल रही और किसान खाद के लिए परेशान हैं, तब सरकार को लंबी अवधि के लक्ष्यों के साथ वर्तमान की समस्याओं पर भी ध्यान देना चाहिए।
PM मोदी पर सीधे क्यों साधा निशाना?
PK का ताजा हमला इसलिए भी अहम है क्योंकि बिहार की राजनीति में वह लगातार NDA सरकार और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को निशाने पर लेते रहे हैं। अब उन्होंने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री मोदी की नीतियों को भी अपने राजनीतिक हमले के केंद्र में रखा है। इससे जन सुराज की रणनीति का दायरा बिहार सरकार की आलोचना से आगे बढ़कर केंद्र की नीतियों तक जाता दिखाई दे रहा है।
सम्राट चौधरी पर पहले भी हमलावर रहे PK
प्रशांत किशोर इससे पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को लेकर भी कई तीखे बयान दे चुके हैं। जुलाई में उन्होंने बिहार में BJP नेतृत्व और सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा था कि राज्य में NDA के बड़ी संख्या में विधायक, सांसद और मंत्री होने के बावजूद समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है।
बीजेपी को हराने की अपील कर चुके हैं
बांकीपुर उपचुनाव के दौरान भी प्रशांत किशोर ने BJP को हराने को अपना प्रमुख राजनीतिक लक्ष्य बताया था। उन्होंने मतदाताओं से कहा था कि जरूरी नहीं कि वे जन सुराज को ही वोट दें, लेकिन BJP को हराने से बेहतर मुख्यमंत्री मिलने का रास्ता खुल सकता है।
2047 का मुद्दा राजनीतिक बहस में क्यों अहम?
प्रधानमंत्री मोदी का 2047 तक विकसित भारत बनाने का लक्ष्य केंद्र सरकार के बड़े विजन का हिस्सा है। बिहार में भी मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य के विकास को विकसित भारत-2047 के लक्ष्य से जोड़कर कई विकास योजनाओं और निवेश की बात कही है। ऐसे में PK का यह हमला सीधे उस विकास मॉडल और उसके समयबद्ध लक्ष्य पर सवाल खड़ा करता है।
PK की राजनीति का बदला फोकस?
प्रशांत किशोर के ताजा बयान से संकेत मिलता है कि जन सुराज आने वाले समय में रोजगार, शिक्षा, महंगाई, कृषि और सरकारी व्यवस्था जैसे मुद्दों को लेकर BJP और NDA दोनों को घेरने की कोशिश करेगा। उनका जोर यह दिखाने पर है कि भविष्य के बड़े लक्ष्य तभी प्रभावी होंगे, जब आम लोगों की मौजूदा परेशानियों का समाधान भी हो।
बिहार चुनावी राजनीति में बढ़ सकती है बयानबाजी
बिहार की राजनीति में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच बयानबाजी पहले से तेज है। ऐसे में प्रशांत किशोर का प्रधानमंत्री मोदी के 2047 विजन पर हमला चुनावी माहौल में नई राजनीतिक बहस पैदा कर सकता है। हालांकि, PK के बयान राजनीतिक आलोचना हैं और इन्हें केंद्र सरकार की नीतियों पर उनके राजनीतिक दृष्टिकोण के तौर पर देखा जाना चाहिए।