गुरुग्राम की सोसाइटी में कुत्तों को खाना खिलाने पर विवाद

नियमों और पशु प्रेमियों के बीच बढ़ी तकरार

0

गुरुग्राम , 14 अगस्त 2026 । गुरुग्राम की एक सोसाइटी में आवारा कुत्तों को खाना खिलाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। सोसाइटी में रहने वाले कुछ लोगों ने सार्वजनिक और साझा स्थानों पर कुत्तों को खाना खिलाए जाने पर आपत्ति जताई है, जबकि पशु प्रेमियों का कहना है कि आवारा कुत्तों को खाना देना मानवीय जिम्मेदारी है। विवाद ने सोसाइटी में पशु कल्याण, निवासियों की सुरक्षा और सामुदायिक नियमों के बीच संतुलन को लेकर बहस तेज कर दी है।

बाल खींचकर दौड़ा-दौड़ाकर पीटने का आरोप

आरोप है कि उनके बाल खींचे गए और उन्हें दौड़ा-दौड़ाकर पीटा गया। घटना के बाद सोसाइटी में तनाव का माहौल बन गया। मामले की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। बताया जा रहा है कि घटना को लेकर दोनों पक्षों की ओर से पुलिस को लिखित शिकायत दी गई है। पुलिस शिकायतों के आधार पर मामले की जांच कर रही है और वीडियो फुटेज की भी जांच की जा सकती है।

एक्स पर यूजर ने उठाए सवाल

इस मामले को लेकर वैषाली राणा चंदर नाम के यूजर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर दावा किया कि कुछ समय पहले वर्धमान सोसाइटी में डॉग्स को खाना खिलाने के कारण दो महिलाओं पर सह-निवासियों ने हमला किया और उनके साथ शारीरिक मारपीट की। उन्होंने अपनी पोस्ट में गुरुग्राम पुलिस से सवाल करते हुए पूछा कि क्या शहर में रहने वाली अकेली कामकाजी महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में पुलिस सक्षम है। बता दें कि सोसाइटी में रहने वाले लोगों के बीच पालतू और आवारा कुत्तों को खाना खिलाने को लेकर पहले भी मतभेद सामने आते रहे हैं।

फीडिंग प्वाइंट बनाने का समाधान

ऐसे विवादों में सोसाइटी प्रबंधन के सामने सबसे व्यावहारिक चुनौती यह होती है कि पशुओं को खाना खिलाने के अधिकार और निवासियों की सुरक्षा दोनों का ध्यान रखा जाए।

सोसाइटी प्रबंधन निर्धारित स्थान पर फीडिंग की व्यवस्था, साफ-सफाई, भोजन के बाद कचरा हटाने और लोगों की आवाजाही वाले क्षेत्रों से दूरी जैसे नियम तय कर सकता है। इससे साझा स्थानों में अव्यवस्था कम करने में मदद मिल सकती है।

विवाद बढ़ने पर प्रशासन की भूमिका अहम

यदि सोसाइटी में दोनों पक्षों के बीच सहमति नहीं बनती है तो स्थानीय प्रशासन या संबंधित नगर निकाय से दिशा-निर्देश लिए जा सकते हैं। पशु कल्याण से जुड़े नियमों और स्थानीय सोसाइटी के उपनियमों के बीच तालमेल बनाना जरूरी होगा।

किसी भी पक्ष को दूसरे पक्ष के साथ दुर्व्यवहार या टकराव से बचते हुए नियमों के अनुसार समाधान निकालना चाहिए।

गुरुग्राम में बढ़ती बहस का हिस्सा

गुरुग्राम की हाईराइज सोसाइटियों में आवारा कुत्तों को लेकर समय-समय पर विवाद सामने आते रहे हैं। एक तरफ बड़ी संख्या में लोग पशुओं के प्रति संवेदनशीलता की बात करते हैं, तो दूसरी ओर निवासी सुरक्षा, स्वच्छता और बच्चों की चिंता उठाते हैं।

ऐसे में केवल कुत्तों को खाना देने या रोकने के बजाय फीडिंग की निर्धारित जगह, स्वच्छता, नसबंदी, टीकाकरण और शिकायत निवारण की स्पष्ट व्यवस्था विवाद को कम करने में मदद कर सकती है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.