वॉशिंगटन, 20 जनवरी 2026 । अमेरिकी राजनीति और वैश्विक व्यापार में एक बार फिर तनाव के संकेत मिले हैं। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने फ्रांसीसी शराब और उससे जुड़े उत्पादों पर 200% तक टैरिफ लगाने की धमकी दी है। ट्रम्प का यह बयान सामने आते ही यूरोप–अमेरिका व्यापार संबंधों को लेकर नई बहस शुरू हो गई है और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी चिंता का माहौल बन गया है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने फ्रांस के वाइन और शैम्पेन पर 200% टैरिफ लगाने की धमकी दी है। उन्होंने सोमवार को यह चेतावनी फ्रांस के गाजा पीस बोर्ड में शामिल होने से इनकार करने के विरोध में दी।
ट्रम्प ने नाराजगी जताते हुए कहा कि हम फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रों को शामिल भी नहीं करना चाहते, क्योंकि बहुत जल्द उनकी कुर्सी छिनने वाली है।
फ्रांस दुनिया के सबसे बड़े वाइन निर्यातकों में से एक है और अमेरिकी बाजार उसके लिए बेहद अहम माना जाता है। 200% टैरिफ जैसी धमकी से फ्रांसीसी उत्पाद अमेरिकी बाजार में काफी महंगे हो सकते हैं, जिससे मांग में गिरावट आने की आशंका जताई जा रही है। वहीं, अमेरिका में आयातित शराब की कीमत बढ़ने से उपभोक्ताओं पर भी सीधा बोझ पड़ सकता है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ट्रम्प इस तरह के कड़े बयानों के जरिए “अमेरिका फर्स्ट” नीति को फिर से जोर-शोर से सामने लाने की कोशिश कर रहे हैं। इससे पहले भी उनके कार्यकाल के दौरान यूरोप, चीन और अन्य देशों के साथ टैरिफ को लेकर तीखे टकराव देखे गए थे। ऐसे बयानों से यह संकेत मिल रहा है कि आने वाले समय में वैश्विक व्यापार में अनिश्चितता और बढ़ सकती है।
कुल मिलाकर, फ्रांसीसी शराब पर 200% टैरिफ की धमकी सिर्फ एक व्यापारिक बयान नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय राजनीति और आर्थिक कूटनीति से जुड़ा बड़ा संकेत है। अब सबकी नजर इस पर टिकी है कि यह बयान आगे ठोस नीति में बदलता है या सिर्फ दबाव बनाने की रणनीति बनकर रह जाता है।