नेशनल हेराल्ड केस पर फैसला तीसरी बार टला — राजनीतिक हलचल तेज, कानूनी पेच बढ़े

0

नई दिल्ली, 29  नवम्बर 2025 । नेशनल हेराल्ड मामले में अदालत का फैसला एक बार फिर टल गया है। यह लगातार तीसरी बार है जब कोर्ट ने सुनवाई के बाद निर्णय आगे बढ़ा दिया। इससे न केवल राजनीतिक गलियारों में हलचल बढ़ी है, बल्कि मामले से जुड़े कानूनी पक्ष भी और उलझते दिखाई दे रहे हैं।

नेशनल हेराल्ड केस में दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट का फैसला तीसरी बार टल गया है। कोर्ट का यह तय करना है कि मनी लॉन्ड्रिंग केस में ED की चार्जशीट पर संज्ञान लें या नहीं।

चार्जशीट में प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत सोनिया गांधी, राहुल गांधी, सैम पित्रोदा, सुमन दुबे और दूसरे कई सीनियर कांग्रेसी नेताओं के नाम हैं।

ED ने इन नेताओं पर एसोसिएटेड जर्नल्स लिमिटेड (AJL) से जुड़ी फाइनेंशियल गड़बड़ियों का आरोप लगाया है। यह कंपनी ही असल में नेशनल हेराल्ड अखबार पब्लिश करती थी।

कोर्ट ने 14 जुलाई को बहस पूरी होने के बाद फैसला 29 जुलाई तक के लिए सुरक्षित रखा था। इसके बाद 8 अगस्त और 29 नवंबर को फैसला टला। अब कोर्ट 16 दिसंबर को फैसला सुनाएगी।

अप्रैल में ED ने ₹661 करोड़ की संपत्तियां जब्त करने का नोटिस जारी किया था

ED ने अप्रैल में एक बयान में कहा कि उसने 661 करोड़ रुपए की अचल संपत्तियों को कब्जे में लेने के लिए नोटिस जारी किया है। ED ने PMLA एक्ट की धारा 8 और नियम 5(1) के अनुसार संबंधित संपत्ति रजिस्ट्रार को दस्तावेज सौंपे थे। ED ने कब्जे में लिए जाने वाली संपत्तियां खाली करने की मांग की थी।

इन अचल संपत्तियों के अलावा ED ने AJL के 90.2 करोड़ रुपए के शेयरों को नवंबर 2023 में अपराध की आय को सुरक्षित करने और आरोपी को इसे नष्ट करने से रोकने के लिए कुर्क किया था।

सोनिया-राहुल से घंटों हुई थी पूछताछ

जून 2022 में नेशनल हेराल्ड केस में राहुल गांधी से 5 दिनों में 50 घंटे पूछताछ हुई थी। फिर 21 जुलाई 2022 में नेशनल हेराल्ड केस में सोनिया गांधी से 3 दिन में 12 घंटे सवाल हुए थे। इस दौरान उनसे 100 से ज्यादा सवाल किए गए। ईडी ने राहुल गांधी से भी जून में पांच दिनों में 50 घंटे से ज्यादा समय तक पूछताछ की थी।

Leave A Reply

Your email address will not be published.