अमेरिका ने वेनेजुएला से हाईली एनरिच्ड यूरेनियम हटाया, वैश्विक सुरक्षा को लेकर बढ़ी चर्चा
वॉशिंगटन , 09 मई 2026 । अमेरिका ने वेनेजुएला से हाईली एनरिच्ड यूरेनियम (HEU) को सफलतापूर्वक निकालने का दावा किया है। रिपोर्ट्स के अनुसार यह ऑपरेशन अमेरिका, ब्रिटेन और वेनेजुएला के सहयोग से पूरा किया गया, जिसमें लगभग 13.5 किलोग्राम उच्च संवर्धित यूरेनियम को सुरक्षित तरीके से हटाकर अमेरिका भेजा गया।
यह ऑपरेशन अमेरिका, वेनेजुएला, ब्रिटेन और IAEA ने मिलकर किया। US डिपार्टमेंट ऑफ एनर्जी के मुताबिक यूरेनियम को जमीन और समुद्र के रास्ते अमेरिका पहुंचाया गया। इसे अब साउथ कैरोलाइना के सवाना रिवर परमाणु साइट में प्रोसेस किया जाएगा।
अमेरिकी एजेंसी नेशनल न्यूक्लियर सिक्योरिटी एडमिनिस्ट्रेशन (NNSA) ने कहा कि यह ऑपरेशन दक्षिण अमेरिका और US की सुरक्षा के लिए अहम है। एजेंसी के मुताबिक वेनेजुएला का RV-1 रिसर्च रिएक्टर कई दशक तक न्यूक्लियर रिसर्च के लिए इस्तेमाल होता था। 1991 में रिसर्च बंद होने के बाद भी वहां हाईली एनरिच्ड यूरेनियम रखा रहा।
विशेषज्ञों के अनुसार हाईली एनरिच्ड यूरेनियम का इस्तेमाल रिसर्च रिएक्टरों में किया जाता है, लेकिन यदि इसका गलत उपयोग हो तो इसे परमाणु हथियारों के निर्माण में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इसी कारण दुनिया भर में ऐसे पदार्थों को सुरक्षित रखने और कम करने पर लगातार जोर दिया जाता रहा है।
रिपोर्ट्स में कहा गया है कि इस कदम को अमेरिका और वेनेजुएला के बीच हालिया कूटनीतिक नरमी से भी जोड़कर देखा जा रहा है। पिछले कुछ वर्षों में दोनों देशों के संबंध तनावपूर्ण रहे थे, लेकिन अब ऊर्जा और सुरक्षा मामलों में सीमित सहयोग बढ़ने के संकेत मिल रहे हैं।
परमाणु सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि दुनिया के विभिन्न देशों से HEU हटाने या उसे Low-Enriched Uranium में बदलने की अंतरराष्ट्रीय मुहिम लंबे समय से चल रही है। अमेरिका इससे पहले जापान और अन्य देशों से भी उच्च संवर्धित यूरेनियम हटाने के अभियानों में शामिल रहा है।
इस घटनाक्रम के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर परमाणु सुरक्षा, अप्रसार संधियों और वैश्विक रणनीतिक संतुलन को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि भविष्य में भी इस तरह के अभियानों का महत्व बढ़ता जाएगा।