केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने ‘नशीली दवाओं के दुरुपयोग और तस्करी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दिवस’ पर दीं शुभकामनाएँ
नई दिल्ली, 27 जून। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने ‘नशीली दवाओं के दुरुपयोग और तस्करी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दिवस’ पर शुभकामनाएँ दी हैं। ‘X’ पर अपनी एक पोस्ट में गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में हमारी सरकार भारत को नशा मुक्त राष्ट्र बनाने की अपनी प्रतिबद्धता पर दृढ़ है और संपूर्ण सरकार दृष्टिकोण के साथ इस लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। आइए हम सब देश को नशीली दवाओं के संकट से मुक्त कराने और अपनी भावी पीढ़ियों को एक बेहतर दुनिया का उपहार देने के अपने संकल्प को मजबूत करें।
इस अवसर पर एक संदेश में केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के ‘नशामुक्त भारत’ के संकल्प को सिद्ध करने के लिए प्रयासरत हमारी सभी एजेंसियों के अधिकारियों और कर्मियों को मैं बधाई और नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) को अखिल भारतीय ‘नशा मुक्त पखवाड़ा’ के सफल आयोजन की शुभकामनाएं देता हूँ। उन्होंने कहा कि ड्रग्स न सिर्फ व्यक्ति, बल्कि समाज और राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी चुनौती है। प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में ‘नशामुक्त भारत’ का निर्माण हमारी सरकार की प्रमुख प्राथमिकताओं में से एक है। मोदी सरकार ने ड्रग्स के खिलाफ लड़ाई में ‘बॉटम टू टॉप’ और ‘टॉप टू बॉटम’ अप्रोच के साथ बेहतर समन्वय को अपनाया है।
अमित शाह ने कहा कि नशीले पदार्थों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति के तहत कार्य करते हुए नशे के समूल नाश के लिए हमारी सरकार संकल्पित है। अमित शाह ने कहा कि उन्हे खुशी है कि गृह मंत्रालय के प्रयासों से नार्को समन्वय केन्द्र (NCORD) की स्थापना और राज्यों के पुलिस विभागों में एंटी-नार्कोटिक्स टास्क फोर्स के गठन से इस लड़ाई को और गति मिली है एवं इसके सफल परिणाम सामने आए हैं। नार्कोटिक्स के नियंत्रण पर सरकार द्वारा उठाए गए तमाम सकारात्मक कदमों के साथ-साथ विशाल जनभागीदारी सुनिश्चित करते हुए संपूर्ण विजय प्राप्त करना हमारा लक्ष्य है। गृह मंत्री ने कहा कि वे देशवासियों से यह अनुरोध करते हैं कि नशीले पदार्थों के खिलाफ सरकार की इस लड़ाई में आप अपना महत्वपूर्ण योगदान दें। आइए, हम सब साथ मिलकर नशीले पदार्थों के पूर्ण उन्मूलन का संकल्प लें और एक स्वस्थ, खुशहाल और सुरक्षित समाज का निर्माण करें।