BRICS संसदीय मंच की बैठक संपन्न, संयुक्त घोषणा में आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख
नई दिल्ली में आयोजित 12वें BRICS संसदीय मंच में सदस्य देशों ने सीमापार आतंकवाद, आतंकवाद के वित्तपोषण और आतंकियों को सुरक्षित ठिकाने उपलब्ध कराने की निंदा की। संयुक्त घोषणा में वैश्विक सहयोग और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधारों पर भी जोर दिया गया।
नई दिल्ली, 28 अक्टूबर 2026। भारत की अध्यक्षता में नई दिल्ली में आयोजित 12वां BRICS संसदीय मंच 27 अक्टूबर को संयुक्त घोषणा-पत्र अपनाए जाने के बाद संपन्न हो गया। इस दो दिवसीय बैठक में सदस्य देशों के संसदीय प्रतिनिधियों ने आतंकवाद, वैश्विक शासन व्यवस्था, तकनीकी विकास और जन-केंद्रित नीतियों जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार-विमर्श किया।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने बैठक के समापन सत्र में संवाद, शांति और सहयोग को वैश्विक चुनौतियों के स्थायी समाधान का महत्वपूर्ण माध्यम बताया। बैठक की संयुक्त घोषणा में सीमापार आतंकवाद, आतंकवाद के वित्तपोषण और आतंकियों को सुरक्षित ठिकाने उपलब्ध कराने की कड़ी निंदा की गई। सदस्य देशों ने आतंकवाद के खिलाफ शून्य सहनशीलता अपनाने और इस मुद्दे पर दोहरे मापदंडों से बचने की आवश्यकता पर जोर दिया।
घोषणा में 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले की भी कड़ी निंदा की गई। इसके साथ ही आतंकवाद के सभी स्वरूपों से निपटने और इसके लिए जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराने की प्रतिबद्धता दोहराई गई।
बैठक में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधारों का समर्थन करते हुए वैश्विक निर्णय प्रक्रिया में ग्लोबल साउथ यानी विकासशील देशों की अधिक भागीदारी की आवश्यकता भी रेखांकित की गई। प्रतिनिधियों ने डिजिटल तकनीक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के जिम्मेदार उपयोग और संसदों को अधिक पारदर्शी तथा जवाबदेह बनाने पर भी चर्चा की।
संयुक्त घोषणा में अंतरराष्ट्रीय विवादों के शांतिपूर्ण समाधान, देशों की संप्रभु समानता और एक-दूसरे के आंतरिक मामलों में हस्तक्षेप न करने के सिद्धांतों को दोहराया गया। इस दौरान पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव पर चिंता जताते हुए नागरिकों और नागरिक बुनियादी ढांचे की सुरक्षा तथा कूटनीतिक प्रयासों को बढ़ावा देने की अपील भी की गई।
इस बैठक का प्रमुख संदेश स्पष्ट रहा कि आतंकवाद और अन्य अंतरराष्ट्रीय चुनौतियों से निपटने के लिए देशों के बीच समन्वय, जवाबदेही और निरंतर संवाद जरूरी हैं।